menu-icon
The Bharatvarsh News

PM Modi: प्रधानमंत्री ने संसद के शीतकालीन सत्र की शुरुआत से पहले कहा- 'हार का गुस्सा संसद में न निकालें'

PM Modi: प्रधानमंत्री मोदी ने सोमवार यानि 4 दिसंबर से शुरू हो रहे संसद के शीतकालीन सत्र से पहले विधानसभा चुनावों के नतीजों पर टिपण्णी की. मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि देश ने नकारात्मकता को नकार दिया है.

Calendar Last Updated : 04 December 2023, 12:28 PM IST
Share:

PM Modi: प्रधानम्नत्री ने विपक्ष पर कटाक्ष करते हुए कहा कि जो लोग हारे हुए हैं वे संसद में अपनी हार का ग़ुस्सा न निकालें. इसके साथ ही उन्होंने विपक्ष के महत्व को भी रेखांकित किया. इस दौरान उन्होंने विपक्ष को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि लोकतंत्र में पक्ष और विपक्ष दोनों बराबर हैं. साथ ही प्रधानमंत्री ने राजनैतिक विश्लेषकों से इस चुनाव परिणाम को सकारात्मक तौर पर देश के सामने पेश करने की भी अपील की है.

देश ने नकारात्मकता को नकार दिया है. 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मीडिया से मुखातिब होते हुए तीन राज्यों में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की जीत के बाद कहा कि कुछ लोग इसे सत्ता समर्थक, सुशासन या पारदर्शिता कहते हैं. उन्होंने आगे कहा कि देश में ये देखा जा रहा है कि देश ने नकारात्मकता को नकार दिया है. इसके साथ ही उन्होंने लोकतंत्र की महत्ता पर भी बात की. उन्होंने कहा कि लोगों की आकांक्षाओं को मजबूत करने के लिए लोकतंत्र का मंदिर महत्वपूर्ण मंच है. इसके अलावा उन्होंने संसद के सभी सदस्यों से अनुरोध किया कि वे तैयारी के साथ आएं और संसद में पेश विधेयकों पर गहन चर्चा करें.

चार राज्यों के परिणाम देश का भविष्य सुनिश्चित करने वाले हैं- प्रधानमंत्री मोदी 

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि कल आये चार राज्यों के विधानसभा चुनावों के परिणाम उत्साह बढ़ाने वाले हैं और देश के भविष्य को सुनिश्चित करने वाले है. उन्होंने विपक्ष पर बोलते हुए कहा कि धीरे-धीरे ठण्ड बढ़ रही है लेकिन देश में राजनितिक गर्मी का मौसम है. उन्होंने सभी सांसदों से अपील करते हुए कहा कि "सकारात्‍मक विचार लेकर संसद में आइए, बाहर की पराजय का गुस्‍सा संसद में लेकर मत आइएगा. लोकतंत्र के मंदिर को मंच मत बनाइए. देश को सकारात्‍मकता का संदेश दें. " 

प्रधानमंत्री ने विपक्ष को दी नसीहत- "विरोध के बदले विरोध का तरीका छोड़िए" 

इस मौके पर प्रधानमंत्री मोदी ने विपक्ष को नसीहत भी दे डाला. उन्होंने इस अवसर को विपक्ष के लिए गोल्डन अवसर बताते हुए कहा कि विधानसभा चुनाव में पराजय का गुस्सा निकालने की योजना बनाने के बजाए पिछले पराजय से सीखकर 9 साल की नकारात्मकता की प्रवृति को छोड़कर इस सत्र में सकारात्मकता के साथ आगे बढ़ेंगे तो देश का उनके प्रति देखने का दृष्टिकोण बदलेगा.
इसके साथ ही उन्होंने विपक्ष पर निशाना भी साधा. उन्होंने विपक्ष को समझाया कि विरोध के बदले विरोध का तरीका छोड़ देना चाहिए. उन्होंने कहा कि "हम 10 कदम चलेंगे तो आप 12 कदम चलिए. बाहर की हार का गुस्सा सदन में मत उतारना, हताशा, निराश होती है लेकिन दम दिखाने के लिए कुछ करना होगा".
 

सम्बंधित खबर

Recent News