Courtesy: ANI
नई दिल्ली: रविवार का दिन भारतीय संगीत तक के लिए किसी काले दिन से कम नहीं है, क्योंकि इस दिन सुरों की मलिका आशा भोसले का निधन हो गया है. 12 अप्रैल 2026 को सदाबहार आवाज की धनी आशा भोसले ने 92 वर्ष की आयु में अंतिम सांस ली. उनके जाने से सिर्फ एक महान गायिका ही नहीं, बल्कि एक पूरे युग का अंत हो गया है. उनका प्रोफेशनल करियर जितना आसमान छूता था उनकी निजि जिंदगी उतनी ही उतार-चढ़ाव और दर्द से भरा रहेगा.
आपकी जानकारी के लिए मुंबई में दिल का दौरा पड़ने के कारण उनका निधन हुआ. दशकों तक अपनी आवाज से लाखों दिलों पर राज करने वाली आशा भोसले ने भारतीय संगीत को वैश्विक पहचान दिलाई.
अपने गानों से दुनिया भर को मनोरंजित करने वाली आशा भोसले की जिंदगी कितनी गमगीन थी वो किसी को भी नहीं पता. बता दें आशा भोसले की बेटी वर्षा भोसले ने कम उम्र में ही जिंदगी से परेशान होकर आत्महत्या कर ली थी. 8 अक्टूबर 2012 को मुंबई में वर्षा का निधन हुआ, जिसे आत्महत्या माना गया.
रिपोर्ट्स के अनुसार, उन्होंने अपने घर में लाइसेंसी हथियार का इस्तेमाल किया था. माना जाता है कि वह डिप्रेशन, स्वास्थ्य समस्याओं और निजी संघर्षों से जूझ रही थीं, हालांकि परिवार ने इस पर कभी आधिकारिक बयान नहीं दिया.
वर्षा भोसले आशा भोसले की बेटी थीं, जिन्होंने संगीत से अलग राह चुनते हुए पत्रकारिता में अपनी पहचान बनाई. वह अपने बेबाक लेखन और स्पष्ट विचारों के लिए जानी जाती थीं और कई प्रतिष्ठित प्रकाशनों से जुड़ी रहीं.
वर्षा भोसले की शादी हेमंत केनकरे से हुई थी, जो एक जाने-माने खेल पत्रकार हैं. हालांकि, समय के साथ उनके रिश्ते में दूरी आ गई थी. वर्षा के निधन से पहले दोनों अलग रहने लगे थे. आशा भोसले ने एक बार बताया था कि वह अपनी शादी से में घरेलू हिंसा का शिकार हुई थीं. अपनी शादी के 14 साल बाद वह अपने 16 साल बड़े पति से अलग रहने लग गई थी.
आपकी जानकारी के लिए बता दें आशा भोसले के तीन बच्चे हेमंत, आनंद और वर्षा थे. बाद में उन्होंने मशहूर संगीतकार आर. डी. बर्मन से विवाह किया, जिनके साथ उनकी जोड़ी संगीत जगत में बेहद लोकप्रिय रही.