menu-icon
The Bharatvarsh News

'खालिस्तानी तत्व बेशर्मी से...', कनाडाई सांसद चंद्र आर्य ने की हिंदुओं और सिखों से की एकजुट होने की अपील

कनाडाई हिंदू चैंबर ऑफ कॉमर्स द्वारा ब्रिटिश कोलंबिया प्रांत में लक्ष्मी नारायण मंदिर को नुकसान पहुंचाने की निंदा करने वाले एक वीडियो को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा करते हुए आर्य ने कहा कि मंदिर की दीवारों पर बनी भित्तिचित्र खालिस्तानी चरमपंथ के बढ़ते प्रभाव की डरावनी याद दिलाती है.

Calendar Last Updated : 21 April 2025, 09:32 AM IST
Share:

Chandra Arya: कनाडा में लिबरल पार्टी के सांसद चंद्र आर्य ने रविवार (स्थानीय समय) को कनाडा में हिंदू और सिख समुदायों से आग्रह किया कि वे धार्मिक स्थलों को नुकसान पहुंचाने की कई घटनाओं के बाद खालिस्तानी चरमपंथियों के खिलाफ तत्परता से उठ खड़े हों और निर्णायक सरकारी कार्रवाई की मांग करें.

कनाडाई हिंदू चैंबर ऑफ कॉमर्स द्वारा ब्रिटिश कोलंबिया प्रांत में लक्ष्मी नारायण मंदिर को नुकसान पहुंचाने की निंदा करने वाले एक वीडियो को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा करते हुए आर्य ने कहा कि मंदिर की दीवारों पर बनी भित्तिचित्र खालिस्तानी चरमपंथ के बढ़ते प्रभाव की डरावनी याद दिलाती है.

सोशल मीडिया पर शेयर किया पोस्ट

भारतीय मूल के कनाडाई सांसद ने सोशल मीडिया पर पोस्ट शेयर करते हुए लिखा कि कई साल पहले शुरू हुए हिंदू मंदिरों पर हमले आज भी जारी हैं. हिंदू मंदिर पर यह नवीनतम भित्तिचित्र खालिस्तानी उग्रवाद के बढ़ते प्रभाव की एक और भयावह याद दिलाता है. उन्होंने कहा कि अच्छी तरह से संगठित, अच्छी तरह से वित्तपोषित और महत्वपूर्ण राजनीतिक दबदबे से समर्थित, खालिस्तानी तत्व बेशर्मी से अपना प्रभुत्व स्थापित कर रहे हैं. साथ ही उन्होंने यह भी दावा किया कि  कनाडा में हिंदू आवाजों को सफलतापूर्वक दब रहा है. 

खालिस्तानी चरमपंथियों के खिलाफ एक्शन लेने की मांग 

वैंकूवर में खालसा दीवान सोसाइटी (रॉस स्ट्रीट गुरुद्वारा) में खालिस्तानी भित्तिचित्र पाए जाने की एक अन्य घटना का जिक्र करते हुए आर्य ने कहा कि चरमपंथी समूह सिख संस्थानों को भी निशाना बना रहे हैं. उन्होंने लिखा कि खालिस्तानी चरमपंथियों ने वैंकूवर में खालसा दीवान सोसाइटी (रॉस स्ट्रीट गुरुद्वारा) को धमकाने की रणनीति के साथ निशाना बनाया है. अपवित्रीकरण के बाद जारी एक बयान में केडीएस ने कहा कि खालिस्तान की वकालत करने वाले सिख अलगाववादियों के एक छोटे समूह ने 'खालिस्तान जिंदाबाद' जैसे विभाजनकारी नारों के साथ हमारी पवित्र दीवारों को अपवित्र किया. आर्य ने कहा कि अब यह समय है कि हिंदू-कनाडाई हमारे अधिकांश सिख-कनाडाई भाइयों और बहनों के साथ मिलकर तत्परता से उठ खड़े हों और सरकार के सभी स्तरों पर अधिकारियों से तत्काल, निर्णायक कार्रवाई की मांग करें. अब चुप रहना कोई विकल्प नहीं है.

सम्बंधित खबर

Recent News