menu-icon
The Bharatvarsh News

नेताओं का मजाक बनाना कानून के खिलाफ नहीं...एकनाथ शिंदे का मजाक बनाने के बाद कुणाल कामरा की सफाई

महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे का मजाक उड़ाए जाने के मामले में कामरा ने इस मामले को लेकर कहा कि कोई भी राजनीतिक दल द्वारा उनकी कॉमेडी को नियंत्रित नहीं करता है और नेताओं का मजाक उड़ाना कानून के खिलाफ नहीं है.

Calendar Last Updated : 25 March 2025, 08:23 AM IST
Share:

Kunal Kamra Comedy Row: कॉमेडियन कुणाल कामरा द्वारा महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे पर दिए गए बयान के बाद सियासी हलचल तेज हो गई. शिवसेना (शिंदे गुट) ने कामरा के बयान पर विरोध जताते हुए उनके खिलाफ एक्शन की मांग की. जिसके बाद बाद अब कामरा ने इस मामले पर प्रतिक्रिया दी है. 

कामरा ने इस मामले को लेकर कहा कि कोई भी राजनीतिक दल द्वारा उनकी कॉमेडी को नियंत्रित नहीं करता है और नेताओं का मजाक उड़ाना कानून के खिलाफ नहीं है. उन्होंने मीडिया पर हमला करते हुए कहा कि अपनी स्वतंत्रता के अधिकार का उपयोग केवल लोगों की चापलूसी के लिए नहीं किया जाना चाहिए. उन्होंने कहा कि किसी भी शक्तिशाली व्यक्ति के सामने मेरे अधिकार में कोई बदलाव नहीं आता है.

कामरा ने क्या कहा?

बता दें कि कामरा ने कुछ दिनों पहले ही नया भारत नाम के एक शो के दौरान शिवसेना को विभाजित करने और भाजपा के साथ गठबंधन करने के लिए शिंदे पर कटाक्ष किया था. इतना ही नहीं उन्होंने (कामरा)  उन्हें (शिंदे) 'देशद्रोही' तक कहा था. कामरा को एक स्पूफ गाना गया जिसमें उन्होंने ठाणे के एक नेता का जिक्र किया. साथ ही शिंदे की शारीरिक बनावट और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के साथ उनके तालमेल के बारे में टिप्पणी की. इस मामले पर विरोध जताए जाने के बाद कॉमेडियन के खिलाफ एक एफआईआर दर्ज की गई. शिवसेना कार्यकर्ताओं ने मुंबई के द हैबिटेट होटल में तोड़फोड़ की, जहां यह कार्यक्रम आयोजित किया गया था हैबिटेट स्टूडियो ने तोड़फोड़ के बाद शो बंद करने की घोषणा की. 

हंगामा करने वालों पर तंज

कामरा ने कहा कि हैबिटेट (या कोई अन्य स्थल) मेरी कॉमेडी के लिए जिम्मेदार नहीं है, न ही मेरे कहने या करने पर इसका कोई अधिकार या नियंत्रण है. न ही किसी राजनीतिक दल का. कामरा ने जोर देकर कहा कि एक कॉमेडियन के शब्दों के लिए किसी स्थल पर हमला करना उतना ही मूर्खतापूर्ण है जितना कि टमाटर ले जा रहे ट्रक को पलट देना, क्योंकि आपको परोसा गया बटर चिकन पसंद नहीं आया. कामरा ने कहा कि मजाक के जवाब में तोड़फोड़ करने वालों और नागरिक निकाय के अनिर्वाचित सदस्यों के खिलाफ कानून को निष्पक्ष और समान रूप से लागू किया जाना चाहिए. जो बिना किसी पूर्व सूचना के द हैबिटेट में तोड़फोड़ करने पहुंचे. इस मामले पर राज्य के सीएम देवेंद्र फडणवीस ने भी उनसे मांफी मांगने को कहा है.

सम्बंधित खबर

Recent News