मोहाली: 'हर-हर महादेव' के गूंजते जयकारों और भक्तिमय अलौकिक वातावरण के बीच पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान मोहाली में आयोजित 'एक शाम भगवान शिव दे नाम' भजन संध्या में शामिल हुए। हजारों श्रद्धालुओं की मौजूदगी में मुख्यमंत्री ने पंजाब को गुरुओं, पीरों और संतों की पवित्र धरती बताते हुए कहा कि प्रदेश की सदियों पुरानी भाईचारक सांझ, आपसी सद्भाव और प्रेम ही इसकी असली पहचान और सबसे बड़ी ताकत है।
'मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना' का बड़ा विस्तार
सावन के पावन महीने के अवसर पर मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने पंजाबवासियों के लिए एक बड़ी घोषणा की। उन्होंने कहा कि पहली अगस्त से 'मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना' का दायरा बढ़ाते हुए खाटू श्याम जी, सालासर धाम, वृंदावन और ऋषिकेश के लिए मुफ्त यात्रा की सुविधा शुरू की जा रही है। श्रद्धालुओं को उनके घर से ले जाने, रहने, खाने-पीने और सुरक्षित वापस घर पहुँचाने का पूरा खर्च पंजाब सरकार उठाएगी। राज्य के सभी 22 जिलों में ऐसे भक्ति कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है ताकि पूरा पंजाब शिवभक्ति के रंगों में रंग सके।
'माँवाँ-धियाँ सतिकार योजना' और जन-कल्याणकारी पहलें
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने जन-कल्याणकारी योजनाओं का ब्योरा साझा करते हुए बताया कि सरकार जनता के टैक्स का पैसा सीधे उनकी भलाई में लगा रही है। 'माँवाँ-धियाँ सतिकार योजना' के तहत पहली जुलाई से पात्र महिलाओं को आर्थिक सहायता मिलनी शुरू हो चुकी है, जिसमें आम वर्ग की महिलाओं को 1,000 रुपये और अनुसूचित जाति (SC) की महिलाओं को 1,500 रुपये प्रति माह दिए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि पहली जुलाई को जहाँ 32 लाख महिलाओं ने इसका लाभ उठाया, वहीं 1 अगस्त से यह संख्या 40 लाख के पार पहुँच जाएगी। इसके अलावा, राज्य के 90% घरों को मुफ्त बिजली, 68,000 से अधिक पारदर्शी सरकारी नौकरियाँ और 'मुख्यमंत्री स्वास्थ्य योजना' के तहत हर परिवार को 10 लाख रुपये तक के मुफ्त इलाज की सुविधा भी दी जा रही है।
'नफरत के बीज नहीं उगते पंजाब की धरती पर'
'नफरत के बीज नहीं उगते पंजाब की धरती पर' विपक्षी ताकतों और असामाजिक तत्वों पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब एक ऐसा सुंदर गुलदस्ता है जहाँ हर धर्म और विचार का फूल खिलता है। यहाँ की उपजाऊ धरती पर हर तरह की फसल लहलहा सकती है, लेकिन नफरत और फूट का बीज कभी नहीं पनप सकता। उन्होंने कहा कि पंजाब की अटूट एकता और आपसी सांझ का रिश्ता इतना मजबूत है कि धर्म के नाम पर बांटने वाली ताकतों के मंसूबे यहाँ कभी कामयाब नहीं हो सकते।