चडीगढ़: पंजाब के शिक्षा मंत्री स. हरजोत सिंह बैंस ने आज श्री आनंदपुर साहिब में चल रहे होला मोहल्ला समारोह के अवसर पर लाखों श्रद्धालुओं के लिए व्यापक और अभिनव प्रबंधों की जानकारी साझा की. पंजाब भवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने भारत की पहली स्थायी टेंट सिटी स्थापित की है, जो पूरे वर्ष श्रद्धालुओं को आरामदायक आवास उपलब्ध कराएगी.
मंत्री बैंस ने कहा कि पिछले वर्ष अस्थायी व्यवस्थाओं की सफलता और मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों के बाद इस स्थायी वातानुकूलित टेंट सिटी का निर्णय लिया गया था. अब इसे पवित्र नगरी में स्थापित कर दिया गया है. यह पूरी तरह एयर-कंडीशंड सुविधा वाला स्थायी ढांचा है, जो धार्मिक पर्यटन के लिए ऐतिहासिक कदम है. इससे मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत आने वाली संगत को विशेष लाभ मिलेगा और श्री आनंदपुर साहिब की पर्यटन क्षमता में वृद्धि होगी.
भगवंत सिंह मान सरकार की पर्यावरण प्रतिबद्धता को दोहराते हुए मंत्री ने घोषणा की कि इस वर्ष उत्सव 'ग्रीन होला मोहल्ला' के रूप में मनाया जा रहा है. सिंगल यूज प्लास्टिक पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है. पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (PPCB) सभी लंगर स्थलों पर बायोडिग्रेडेबल विकल्पों का खर्च वहन कर रहा है. लाखों श्रद्धालुओं की सेवा में उपयोग होने वाली हर प्लेट, कप और बर्तन बायोडिग्रेडेबल और गैर-प्लास्टिक सामग्री से बने होंगे. इससे पर्यावरणीय चिंताओं को प्राथमिकता दी गई है.
विश्वभर की सिख संगत को गुरु घर के दर्शन के लिए आमंत्रित करते हुए स. बैंस ने कहा कि श्री गुरु तेग बहादुर जी के शहीदी पर्व के बाद अब नए उत्साह से होला मोहल्ला मनाया जा रहा है. संगत से परिवार सहित शामिल होने की अपील की गई.पवित्र नगरी को आकर्षक रोशनी से सजाया गया है. पांच प्यारों के पार्क का नवीनीकरण किया गया है. भाई जैता जी संग्रहालय सहित अन्य ऐतिहासिक स्थल समृद्ध प्रदर्शनियों के साथ आकर्षित कर रहे हैं.
ट्रैक्टर-ट्रॉली से आने वाली संगत के लिए रूपनगर जिला प्रशासन ने 28 समर्पित पार्किंग जोन , दो विशेष ट्रॉली सिटीज और ट़्रॉली स्ट्रीट स्थापित की हैं. ये सुविधाएं बाथरूम, CCTV निगरानी और LED स्क्रीन्, से लैस हैं. माजहा-दोआबा क्षेत्र की संगत को चरण गंगा के निकट और मालवा-चंडीगढ़ की ओर से आने वालों को गांव झिंझड़ी में ठहराया जाएगा. प्रमुख धार्मिक स्थलों जैसे तख्त श्री केसगढ़ साहिब और किला आनंदगढ़ साहिब तक पहुंच के लिए 100 ई रिक्शा शटल्स चलाई जा रही हैं.
मंत्री ने बताया कि 2 और 3 मार्च की शाम विरासत-ए-खालसा में भव्य आतिशबाजी होगी. स्वास्थ्य-सुरक्षा के लिए चरण गंगा स्टेडियम और तख्त श्री केसगढ़ साहिब में एंबुलेंस तैनात हैं. मुख्य स्थलों पर आम आदमी क्लिनिक कार्यरत हैं. मुख्य मार्गों पर त्रिस्तरीय बैरिकेडिंग और निहंग सिंहों के लिए युद्ध प्रदर्शन हेतु स्थान सुनिश्चित किया गया है. 20 बड़ी LED स्क्रीन्स से मुख्य समारोहों का लाइव टेलीकॉस्ट होगा, जिससे पार्किंग क्षेत्रों में बैठे श्रद्धालु भी विरासत खेलों, क्राफ्ट मेले आदि से जुड़े रहेंगे.
मंत्री ने इस ऐतिहासिक आयोजन की सफलता के लिए महीनों से तैयारी करने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों का आभार व्यक्त किया. यह प्रयास पंजाब सरकार की श्रद्धालु-केंद्रित और पर्यावरण-अनुकूल नीतियों का बेहतरीन उदाहरण है.