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'अफगानिस्तान के लिए नहीं तो किसी ....' भारत-ऑस्ट्रेलिया ने राशिद खान को की थी नागरिकता की पेशकश

अफगानिस्तान के स्टार स्पिनर और पूर्व कप्तान राशिद खान ने खुलासा किया कि उन्हें 'भारत और ऑस्ट्रेलिया' जैसे बड़े क्रिकेटिंग देशों से नागरिकता और उनके लिए खेलने का प्रस्ताव मिला था.

Calendar Last Updated : 20 April 2026, 08:08 AM IST
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नई दिल्ली: अफगानिस्तान के स्टार स्पिनर और पूर्व कप्तान राशिद खान ने अब एक बड़ा खुलासा किया है जिसने सबको हैरान कर दिया है. 27 वर्षीय राशिद खान ने अपनी आने वाली किताब Rashid Khan: From Streets to Stardom में खुलासा किया है कि उन्हें 'भारत और ऑस्ट्रेलिया' जैसे बड़े क्रिकेटिंग देशों से नागरिकता और उनके लिए खेलने का प्रस्ताव मिला था.

यह बातचीत 2023 के आईपीएल सीजन के दौरान हुई थी, लेकिन उन्होंने बिना हिचकिचाए इन प्रस्तावों को ठुकरा दिया. ये साफ तौर पर राशिद खान के देश प्रेम की भावना को दर्शाता है. 

'किसी भी देश के लिए नहीं खेलेंगे.....' 

राशिद ने बताया कि जब उन्हें भारत और ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों से खेलने का ऑफर मिला, तो उन्होंने साफ कहा कि अगर वह अपने देश के लिए नहीं खेलेंगे, तो किसी और के लिए भी नहीं खेलेंगे. उनका यह जवाब उनके देश के प्रति गहरी प्रतिबद्धता को दर्शाता है. 

भारत से मिला प्रस्ताव

उन्होंने भारतीय प्रस्ताव का जिक्र करते हुए बताया कि आईपीएल के दौरान उनसे एक उच्च अधिकारी ने मुलाकात की और भारत में बसने और भारत की ओर से खेलने का प्रस्ताव रखा. तब वह आईपीएल में गुजरात टाइटंस का हिस्सा थे. हालांकि, राशिद ने विनम्रता से इस प्रस्ताव को ठुकरा दिया और अफगानिस्तान के लिए खेलने का फैसला दोहराया.

भारतीय क्रिकेट बोर्ड के एक उच्च पदस्थ अधिकारी से मिलने गए और उन्होंने बताया कि, 'हमारी बातचीत शुरू हुई और उन्होंने कहा, 'आपके देश (अफगानिस्तान) में हालात बहुत खराब हैं. भारत आकर रहिए. हम आपको भारतीय दस्तावेज़ देंगे यहीं रहिए, यहीं क्रिकेट खेलिए.' मैं उनकी बात सुनकर हैरान रह गया और समझ नहीं पाया कि क्या जवाब दूं. लेकिन मैंने मुस्कुराकर कहा, 'बहुत-बहुत धन्यवाद. मैं अपने देश अफगानिस्तान के लिए खेल रहा हूं.'

पहले भी चर्चा में रही वफादारी

यह पहली बार नहीं है जब राशिद की देशभक्ति चर्चा में आई हो. 2018 में सनराइजर्स हैदराबाद के लिए खेलते हुए उनके शानदार प्रदर्शन के बाद सोशल मीडिया पर उन्हें भारतीय नागरिकता देने की मांग उठी थी. लेकिन तब भी उन्होंने अपने देश को ही चुना था और इस बार भी उन्होंने अपने देश को ही चुना. 

संघर्ष से सफलता तक सफर

अफगानिस्तान के नांगरहार की गलियों से निकलकर दुनिया के शीर्ष टी20 खिलाड़ियों में शामिल होना राशिद की मेहनत और लगन का नतीजा है. उनकी किताब में उनके संघर्ष, शुरुआती असफलताओं और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मिली सफलता का विस्तार से जिक्र किया गया है.

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