menu-icon
The Bharatvarsh News

मां बनने के बाद सुनिधि चौहान ने बदला डाइट प्लान, फिटनेस के लिए अपनाया ये तरीका

2018 में अपने बेटे तेग के जन्म के बाद चौहान ने अपने शरीर और फिटनेस में महत्वपूर्ण बदलाव किया. उन्होंने गर्भावस्था के बाद मिले इस अवसर को अपनी इच्छानुसार ढालने में प्रयोग किया.

Calendar Last Updated : 27 December 2024, 01:57 PM IST
Share:

Sunidhi Chauhan Fitness: सुनिधि चौहान आवाज़ और शानदार स्टेज परफॉर्मेंस के लिए पहचानी जाती हैं. हालांकि अब सुनिधि अपनी फिटनेस और डाइट के प्रति समर्पण के कारण एक प्रेरणा बन चुकी हैं. 41 साल की उम्र में भी वह न केवल फिट हैं बल्कि पहले से ज्यादा आत्मविश्वास और ऊर्जा से भरी हुई नज़र आती हैं.  

2018 में अपने बेटे तेग के जन्म के बाद चौहान ने अपने शरीर और फिटनेस में महत्वपूर्ण बदलाव किया. उन्होंने गर्भावस्था के बाद मिले इस अवसर को अपनी इच्छानुसार ढालने में प्रयोग किया. मिड-डे को दिए एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि गर्भावस्था के बाद एक ऐसा शरीर मिलता है जिसे नया बनाया जा सकता है. उस समय मुझे इस पर विश्वास नहीं हुआ था, लेकिन अब महसूस करती हूँ कि यह सच है. 

ट्रेनर ने किया खुलासा 

उनके फिटनेस ट्रेनर विराज सरमलकर ने खुलासा किया कि सुनिधि चौहान न केवल वज़न उठाने में माहिर हैं बल्कि उनकी शारीरिक सहनशक्ति भी बेहद मजबूत है. उन्होंने बताया कि वो 90 किलो वजन उठा सकती हैं. साथ ही 70 किलो वजन के साथ स्क्वाट कर सकती हैं. इतना ही नहीं बिना सहारे पुल-अप्स कर सकती हैं. उनके फिटनेस का खुलासा करते हुए उन्होंने बताया कि 25 मिनट में 5 किलोमीटर की दौड़ पूरी कर चुकी हैं. वर्चुअल ट्रेनिंग के ज़रिए अपने दौरे के दौरान भी चौहान ने अपने फिटनेस रूटीन को बनाए रखा. उनके ट्रेनर उनके डाइट के बारे में भी खुलासा किया है. 

क्या है फिटनेस का राज 

उन्होंने बताया कि वो दिन भर में 1,200 कैलोरी से ज्यादा कभी नहीं लेती हैं. इसके अलावा नियमित 16 घंटे का उपवास उनके रूटीन का हिस्सा है. उन्होंने इसे सिर्फ वजन घटाने के लिए नहीं, बल्कि आंतों को आराम देने और एकाग्रता बढ़ाने के लिए अपनाया ये सारे बदलाव किए हैं.  सुनिधि दिन की शुरुआत अंडे और खट्टी रोटी से करती हैं.  उनकी डाइट में नट्स और प्रोटीन शेक जैसे स्वस्थ विकल्प शामिल हैं. कभी भी वो शाम 7:30 के बाद कुछ नहीं खाती हैं. अपनी फिटनेस को लेकर चौहान ने बताया कि हमने तीन बार खाने का पैटर्न अपनाया है, लेकिन यह अनिवार्य नहीं है. अक्सर, बिना खाए भी मैं काम में व्यस्त रहती हूँ और सहज महसूस करती हूँ. सुनिधि चौहान की फिटनेस यात्रा दिखाती है कि अनुशासन, निरंतरता और प्रतिबद्धता से माँ बनने के बाद भी खुद को फिट और ऊर्जावान बनाए रखा जा सकता है. उनका उदाहरण हर महिला के लिए प्रेरणा है कि उम्र और जीवन की चुनौतियाँ आपको रोक नहीं सकतीं.  
 

सम्बंधित खबर

Recent News