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शेख हसीना के संबोधन पर भारत से जवाब मांग रहा बांग्लादेश, ढाका ने बढ़ाया दबाव

बांग्लादेश ने शेख हसीना के 5 अगस्त के संभावित वर्चुअल संबोधन को लेकर भारत से अपना रुख स्पष्ट करने की मांग की है. ढाका ने भारत से आग्रह किया है कि उसकी जमीन का इस्तेमाल ऐसी राजनीतिक गतिविधियों के लिए न हो,

Calendar Last Updated : 04 August 2026, 11:10 AM IST
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नई दिल्ली: बांग्लादेश ने पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना के 5 अगस्त को होने वाले संभावित वर्चुअल संबोधन को लेकर भारत से स्थिति स्पष्ट करने की मांग की है. ढाका का कहना है कि वह नई दिल्ली के साथ रिश्तों को बेहतर दिशा में आगे बढ़ाना चाहता है, लेकिन भारत की जमीन से होने वाली किसी राजनीतिक गतिविधि को लेकर उसकी चिंता बनी हुई है.

भारत से मांगा स्पष्ट जवाब

बांग्लादेश की विदेश मामलों की राज्य मंत्री शमा ओबैद इस्लाम ने सोमवार को कहा कि प्रस्तावित ऑनलाइन कार्यक्रम भारत सरकार आयोजित नहीं कर रही है. इसके बावजूद उनका कहना है कि चूंकि कार्यक्रम में शामिल होने वाले लोग भारत में मौजूद हैं, इसलिए नई दिल्ली को अपना रुख साफ करना चाहिए.

बताया जा रहा है कि शेख हसीना 5 अगस्त को दिल्ली स्थित फॉरेन कॉरेस्पॉन्डेंट्स क्लब ऑफ साउथ एशिया में आयोजित एक ऑनलाइन कार्यक्रम को संबोधित कर सकती हैं. यह उनके सत्ता से बाहर होने के बाद पहली बड़ी सार्वजनिक उपस्थिति होगी. करीब दो साल पहले बड़े पैमाने पर हुए विरोध प्रदर्शनों के बाद उनकी सरकार सत्ता से हट गई थी और वह बांग्लादेश छोड़कर भारत आ गई थीं.

भारत की जमीन से राजनीतिक गतिविधि पर आपत्ति

बांग्लादेश सरकार ने भारत से सहयोग की उम्मीद जताई है ताकि प्रतिबंधित अवामी लीग के नेता, जिसमें शेख हसीना भी शामिल हैं, भारतीय क्षेत्र का इस्तेमाल ऐसे राजनीतिक बयानों या गतिविधियों के लिए न करें, जिनसे बांग्लादेश में अस्थिरता पैदा होने का खतरा हो.

प्रधानमंत्री तारिक रहमान के विदेश मामलों के सलाहकार हुमायूं कबीर ने सोमवार को भारतीय उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी से मुलाकात के दौरान भी यह मुद्दा उठाया. उन्होंने नई दिल्ली से इस मामले में सहयोग की अपेक्षा जताई.

रिश्तों पर असर नहीं चाहता ढाका

शमा ओबैद ने कहा कि बांग्लादेश भारत के साथ अपने संबंधों को नुकसान नहीं पहुंचाना चाहता. जरूरत पड़ने पर ढाका इस मुद्दे पर नई दिल्ली से बातचीत भी कर सकता है. उन्होंने यह भी कहा कि भारत की ओर से पहले संकेत मिले हैं कि वह किसी ऐसे व्यक्ति को भारतीय जमीन से राजनीतिक बयान देने की अनुमति देने के पक्ष में नहीं है, जिस पर बांग्लादेश में गंभीर आरोप हैं. शेख हसीना को बांग्लादेश में मौत की सजा भी सुनाई जा चुकी है.

इस बीच, सितंबर में दिल्ली में होने वाले ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री तारिक रहमान के शामिल होने के सवाल पर अभी कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है.

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