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पहलगाम में हमला करने वाले आतंकवादियों की तस्वीर जारी, चश्मदीदों ने बताई पूरी कहानी

पहलगाम में हुआ हमला पर्यटकों पर हुए पिछले 25 सालों में सबसे बड़ा बताया जा रहा है. जिसमें 26 लोगों को आतंकियों ने निशाना बना लिया. सामने आ रही तस्वीरों में आतंकी पठानी सूट में हाथों में एके 47 लिए नजर आ रहे हैं. सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक कुछ दिनों पहले ही आतंकियों ने घाटी में घुसपैठ की थी.

Calendar Last Updated : 23 April 2025, 01:16 PM IST
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Pahalgam Terrorist Photo: जम्मू कश्मरी के पहलगाम में हुए हमले के बाद सुरक्षा एजेंसी आतंकियों को ढूंढने की पूरी कोशिश में जुट गई है. एजेंसियों द्वारा हमले के पीछे के संदिग्ध आतकवादियों की स्केच के साथ-साथ त्सवीर भी जारी की गई है. मिल रही जानकारी के मुताबिक इन आतंकियों की पहचान आसिफ फूजी, सुलेमान शाह और अबू तल्हा के रूप की गई है. 

पहलगाम हमले में शामिल आतंकी लश्कर-ए-तैयबा (एलईटी) की शाखा द रेजिस्टेंस फ्रंट के सदस्य बताए जा रहे हैं. चार आतंकियों ने मिलकर पहलगाम के लोकप्रिय बैसरन मैदान को निशाना बनाया. जहां पर्यटक अपनी छुट्टियों का आनंद ले रहे थे. 

25 सालों में सबसे बड़ा पर्यटक हमला

पहलगाम में हुआ हमला पर्यटकों पर हुए पिछले 25 सालों में सबसे बड़ा बताया जा रहा है. जिसमें 26 लोगों को आतंकियों ने निशाना बना लिया. सामने आ रही तस्वीरों में आतंकी पठानी सूट में हाथों में एके 47 लिए नजर आ रहे हैं. सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक कुछ दिनों पहले ही आतंकियों ने घाटी में घुसपैठ की थी. इस हमले का मास्टरमाइंड के रूप में लश्कर के शीर्ष कमांडर सैफुल्लाह कसूरी उर्फ ​​खालिद की पहचान की है. सुरक्षा बलों ने आतंकवाद विरोधी अभियान शुरू कर दिया है, वहीं जंगल का फायदा उठाकर भागने वाले आतंकवादियों को पकड़ने के लिए हेलीकॉप्टर तैनात किए हैं. प्रारंभिक फोरेंसिक विश्लेषण और जीवित बचे लोगों की गवाही के अनुसार, आतंकवादियों ने सैन्य-ग्रेड हथियारों और उन्नत संचार उपकरणों का इस्तेमाल किया, जो बाहरी रसद समर्थन का संकेत देता है.

चश्मदीदों नेबताई पूरी कहानी 

चश्मदीदों ने बताया कि हमलावर पूरी तैयारी के साथ आए थे और उन्होंने सूखे मेवे और दवाइयों का स्टॉक कर रखा था. सूत्रों ने कहा कि आतंकवादियों ने स्थानीय लोगों की मदद से पहलगाम की रेकी भी की थी. प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा कि दो आतंकवादी पश्तो (पाकिस्तानी मूल का संकेत) में बात कर रहे थे, उनमें से दो स्थानीय (आदिल और आसिफ) थे. हालांकि दो आतंकी कश्मीरी भाषा बोलते नजर आ रहे थे. हालांकि अभी किसी भी बात की पुष्टि नहीं की गई है. वहीं दूसरी ओर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने पीड़ितों के परिवार से मुलाकात की है.

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