नई दिल्ली: उत्तर-पश्चिमी पाकिस्तान के अशांत खैबर पख्तूनख्वा प्रांत से एक बार फिर दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है. जहां एक ओर शादी की खुशियों के बीच गीत-संगीत और जश्न का माहौल था, वहीं अचानक हुए एक भीषण आत्मघाती धमाके ने पूरे समारोह को तबाही में बदल दिया. इस हमले ने न सिर्फ कई जिंदगियां छीन लीं, बल्कि इलाके में डर और असुरक्षा का माहौल भी गहरा कर दिया.
यह दर्दनाक घटना शुक्रवार को खैबर पख्तूनख्वा के डेरा इस्माइल खान जिले में हुई. स्थानीय पुलिस के अनुसार, सरकार समर्थक समुदाय नेता नूर आलम मेहसूद के आवास पर एक शादी समारोह चल रहा था. इसी दौरान एक आत्मघाती हमलावर ने विस्फोटक जैकेट में धमाका कर दिया. इस हमले में कम से कम सात लोगों की मौत हो गई, जबकि 25 से अधिक लोग घायल हो गए. घायलों में कई की हालत गंभीर बताई जा रही है.
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, जब मेहमान नाच-गा रहे थे और समारोह अपने चरम पर था, तभी जोरदार विस्फोट हुआ. धमाके की तीव्रता इतनी अधिक थी कि मकान की छत का एक हिस्सा ढह गया. इससे अफरा-तफरी मच गई और चारों ओर मलबा, धुआं और खून फैल गया. छत गिरने के कारण बचाव कार्य में भी काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा.
अधिकारियों ने बताया कि मृतकों में एक ऐसा व्यक्ति भी शामिल था जिसे ‘नेक तालिबान’ कहा जाता है, यानी ऐसा पूर्व उग्रवादी जिसने आत्मसमर्पण कर राज्य का साथ देना स्वीकार किया था. इसके अलावा, मारे गए अन्य लोग उसके रिश्तेदार बताए जा रहे हैं. शुरुआती रिपोर्टों के अनुसार, शांति समिति के एक प्रमुख नेता वहीदुल्ला मेहसूद उर्फ जिगरी मेहसूद की भी इस हमले में मौत हो गई है.
घटना के तुरंत बाद पुलिस और राहत दल मौके पर पहुंचे. मृतकों और घायलों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया. सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे इलाके को घेर लिया और संभावित सहयोगियों की तलाश में तलाशी अभियान शुरू कर दिया गया है. कुछ सूत्रों के मुताबिक, कुछ घायलों की हालत अभी भी नाजुक बनी हुई है.
हालांकि इस आत्मघाती हमले की जिम्मेदारी अब तक किसी संगठन ने नहीं ली है, लेकिन संदेह की सुई तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) की ओर जा रही है. यह संगठन बीते कुछ वर्षों में पाकिस्तान में कई बड़े और घातक हमलों को अंजाम दे चुका है.